दशलक्षण धर्म के पांचवें दिन निर्णय सागर महाराज ने कहा- सत्य तभी सार्थक, जब आचरण में उतरे
भास्कर संवाददाता | विदिशा दशलक्षण धर्म के पांचवें दिन उत्तम सत्य धर्म की व्याख्या करते हुए मुनि श्री निर्णय सागर महाराज ने कहा कि मनुष्य कई बार सामने दिखाई देने वाली बात को ही सत्य मान लेता है, जबकि…
