‘जब तक कामयाब नहीं होते, कोई नमस्ते भी नहीं करता’:कैलाश खेर बोले-दीयाकुमारी को संगीत सिखाया; कहीं बोलते हैं-उपमुख्यमंत्री हमारी स्टूडेंट तो गर्व होता है
‘अवॉर्ड मिलना ऐसा है, जैसे अपने ही घर में प्यार मिल रहा हो, इज्जत मिल रही हो। जिस घर में जिंदगीभर यह संदेह बना रहता है कि मैं यहां स्वीकार किया गया हूं या नहीं, मैं कामयाब हुआ हूं या नहीं, वहां से…
