संकल्प-विकल्प ही दुख की जड़, पांच व्रत अपनाएं: मुनिश्री
विदिशा| अरिहंत विहार दिगंबर जैन मंदिर में मुनि श्री निर्णय सागर महाराज ने प्रातःकालीन धर्मसभा में कहा कि मनुष्य अनादि काल से दुखी है। वह दुख का वास्तविक कारण समझे बिना समाधान खोजता रहता है। उन्होंने…
